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रविवार, 24 जून, 2007 को 08:34 GMT तक के समाचार
 
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जलवायु परिवर्तन से ‘धरोहरों को ख़तरा’
 
माउंट एवरेस्ट
कई संगठनों का कहना है कि माउंट एवरेस्ट के हिमखंडों को खतरा है
पर्यावरण के लिए काम करने वाले कई समूहों का मानना है कि जलवायु परिवर्तन के प्रभाव से माउंट एवरेस्ट समेत छह विश्व धरोहरों को ख़तरा है और संयुक्त राष्ट्र को इसकी रक्षा के लिए तत्काल कुछ क़दम उठाने चाहिए.

ग्रीनपीस और क्लाइमेट जस्टिस प्रोग्राम ने संयुक्त राष्ट्र से माँग की है कि इन धरोहरों को ‘ख़तरे में’ की सूची में शामिल किया जाए.

इन संस्थाओं का यह भी कहना है कि जिन देशों ने संयुक्त राष्ट्र विश्व धरोहर संधि पर हस्ताक्षर किए हैं उनका यह कर्तव्य बनता है कि वे उत्सर्जन में कमी लाएँ.

विश्व धरोहर समिति की फ़िलहाल न्यूज़ीलैंड में बैठक हो रही है और यह दो जुलाई तक चलेगी. इस समिति की शुरुआत 1972 में की गई थी और इस समय 184 देश इसके सदस्य हैं.

विश्व धरोहर समिति का उद्देश्य दुनिया के महत्वपूर्ण सांस्कृतिक और प्राकृतिक धरोहरों की रक्षा करना है.

विश्व धरोहरों की सूची में शामिल किसी भी स्थल को ‘ख़तरे में’ की सूची में शामिल किया जा सकता है. इसके तहत इन धरोहरों पर विशेष ध्यान दिया जाता और अतिरिक्त बजट भी मुहैया कराया जाता है.

इन समूहों को उम्मीद है कि क्राइस्टचर्च में हो रही बैठक में कन्वेंशन कमेटी के 21 प्रशासकीय देश विश्व धरोहरों को जलवायु परिवर्तन से संभावित ख़तरे को महसूस करेंगे.

ख़तरा

क्लाइमेट जस्टिस प्रोग्राम के समन्वयक पीटर रॉड्रिक ने कहा, ‘‘समिति जलवायु परिवर्तन पर नीति के मसौदे पर चर्चा करेगी और हम चाह रहे हैं कि उत्सर्जन में तुरंत कमी लाने की ज़रूरत को समझा जाए.’’

ये समूह वर्ष 2004 से ही इस माँग को दोहरा रहे हैं और उनकी याचिका के समर्थन में एवरेस्ट पर चढ़ने वाले सर एडमंड हिलेरी और बीबीसी के लिए फ़िल्म बनाने वाले पर्यावरणविद् सर डेविड एटनबर्ग समेत कई मशहूर हस्तियाँ हस्ताक्षर कर चुकी हैं.

पिछले वर्ष विश्व धरोहर समिति ने ग्रीन हाउस गैस के उत्सर्जन में कमी लाने के प्रस्ताव को नकार दिया था. ये समूह चाहते हैं कि प्रशासकीय समिति उनकी माँग पर एक बार फिर विचार करे.

क्लाइमेट एक्शन नेटवर्क के फिल फ्रीमैन कहते हैं, "हम अपनी आने वाली पीढ़ियों के लिए इन धरोहरों को बचा सकते हैं बशर्ते ग्रीन हाउस गैस के प्रदूषण को कम करने के लिए तुरंत क़दम उठाए जाएँ. "

जिन छह धरोहरों को ‘ख़तरे में’ की सूची में शामिल कराना चाहते हैं, वे हैं-

ग्रेट बैरियर रीफ़, ऑस्ट्रेलिया
ब्लू माउंटेन्स, ऑस्ट्रेलिया
वाटरटन ग्लेशियर इंटरनेशनल पार्क (अमरीका-कनाडा सीमा)
सागरमाथा नेशनल पार्क (इसमें माउंट एवरेस्ट शामिल है), नेपाल
बेलाइज़ बैरियर रीफ़, बेलाइज़
ह्यूसकारन नेशनल पार्क, पेरू

 
 
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