अमरीका में काले युवक की मौत पर प्रदर्शन

मिसौरी में प्रदर्शन
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अमरीका में एक काले व्यक्ति की पुलिस के हाथों मौत के विरोध में सैकड़ों लोगों ने न्यूयॉर्क के स्टेटन आइलैंड में शांतिपूर्ण जुलूस निकाला.

43 साल के एरिक गार्नर की पिछले महीने उस समय मौत हो गई थी जब पुलिस उन्हें कथित तौर पर अवैध सिगरेट बेचने के आरोप में उन्हें गिरफ़्तार कर रही थी.

आरोप है कि पुलिस ने उन्हें क़ाबू में करने के लिए गर्दन के बल पकड़ा जिसमें उनकी मौत हो गई.

जुलूस की अगुवाई ईसाई धर्मगुरू अल शार्पटन और गार्नर के रिश्तेदारों ने की.

मिसौरी प्रांत में इसी नौ अगस्त को पुलिस ने 18 साल के निहत्थे ब्राउन को उस समय गोली मार दी थी जब चश्मदीदों के अनुसार वह पुलिस के सामने आत्मसमर्पण करना चाह रहे थे.

इसके बाद मिसौरी प्रांत के फ़र्ग्युसन इलाक़े में प्रदर्शनों का दौर चला था.

माहौल

सेंट लुई इलाक़े में तनाव और आगज़नी का माहौल बन गया था.

यहां प्रदर्शन उग्र होने से नेशनल गार्ड्स की तैनाती की गई थी लेकिन अब उनकी वापसी शुरू हो गई है.

मिसौरी प्रांत दंगा

अमरीका के राष्ट्रपति बराक ओबामा ने यह घोषणा की है कि राज्य और स्थानीय पुलिस को दिए गए हथियारों की समीक्षा की जाएगी.

दरअसल फ़र्ग्युसन इलाक़े में चल रहे प्रदर्शन के ख़िलाफ़ जिस तरीक़े से इन हथियारों का इस्तेमाल हुआ, उसकी काफ़ी आलोचना हो रही है.

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