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कोरोना वायरस: डर के चलते बिन मेहमान हुई शादी
- Author, येवेट्ट टान
- पदनाम, बीबीसी एशिया संवाददाता
- प्रकाशित
- पढ़ने का समय: 3 मिनट
ज़रूरी नहीं कि शादी जैसी प्लानिंग की हो वैसे ही हो.
लेकिन चीन में घातक कोरोना वायरस के मामले लगातार बढ़ने के कारण हाल में वहां एक शादी समारोह ऐसा हुआ जिसमें न दूल्हा था और न ही दुल्हन.
अपनी शादी से कुछ दिन पहले सिंगापुर के रहने वाले जोसेफ़ यू और उनकी पत्नी कांग टिंग चीन से लौटे थे.
इसके बाद शादी में आने वाले मेहमानों ने कोरोना वायरस के बढ़ते मामलों में मद्देनज़र शादी में आने पर चिंता जताई.
मेहमानों की चिंता दूर करने के लिए जोसेफ़ यू और कांग टिंग ने एक नया तरीका निकाला.
दूल्हा और दुल्हन ने फ़ैसला किया कि वो शादी समारोह से दूर रहेंगे. उन्होंने मेहमानों से भरे शादी के हॉल में शादी को लाइवस्ट्रीम किया.
शादी की स्पीच
जोसेफ़ यू और कांग टिंग ने वीडियो कॉल के ज़रिए वेडिंग हॉल में मौजूद मेहमानों के सामने अपनी शादी की स्पीच दी.
और वीडियो कॉल पर ही सभी मेहमानों ने उन्हें मुबारकबाद दी.
कोरोना वायरस के कारण अब तक चीन में 550 से अधिक मौतें हो चुकी हैं और ये वायरस दो दर्जन से अधिक देशओं में फैल चुका है.
सिंगापुर में अब तक कोरोना वायरस के संक्रमण के कुल 28 मामले सामने आए हैं.
चीन के बाद सिंगापुर दूसरा देश है जहां बड़ी संख्या में संक्रमण के मामले में दर्ज किए गए हैं.
'कोई और रास्ता न था'
कांग टिंग का घर हुनान प्रांत में हैं. लूनर नए साल के लिए जोसेफ़ यू और कांग 24 जनवरी को चीन गए थे.
हुनान हुबेई प्रांत से सटा हुआ है जहां अब तक कोरोना वायरस के सबसे अधिक मामले नज़र आए हैं.
जोसेफ़ यू ने बीबीसी को बताया कि जब वो हुनान से लौटे थे तो उन्हें इस वायरस का डर इतना अधिक नहीं था, ख़ास कर इसलिए क्योंकि वो हुनान के ग्रामीण इलाके में थे.
30 जनवरी को दोनों सिंगापुर लौटे और दो फरवरी को उनकी शादी होनी थी. शादी समारोह के लिए सिंगापुर के एम होटल में ख़ास बुकिंग की गई थी.
दरअसल जोसेफ़ और कांग की शादी बीते साल अक्तूबर में चीन में हो गई थी.
लेकिन उस वक्त जो मेहमान शादी में मौजूद नहीं हो पाए थे उनके लिए ख़ास तौर पर इस दूसरी शादी का इंतज़ाम किया गया था.
मेहमानों का इनकार
लेकिन जब मेहमानों को पता चला कि जोसेफ़ और कांग चीन से लौटे हैं तो उन्होंने चिंता जताई. कई लोगों ने शादी में आने से इनकार भी किया.
जोसेफ़ का कहना है कि उन्होंने होटल से शादी की तारीख़ आगे बढ़ाने को लेकर बात की लेकिन उन्हें बताया गया कि सारी व्यवस्था हो चुकी है और तारीख़ आगे बढ़ाना संभव नहीं होगा.
इसके बाद उन्होंने तय किया वो शादी तो करेंगे लेकिन मेहमानों से सामने नहीं.
वो कहते हैं, "हमने वीडियो के ज़रिए मेहमानों से इस बारे में बात की. उनमें से कईयों को ये अजीब भी लगा. मेरे माता-पिता भी इसमें राज़ी नहीं थे लेकिन फिर बाद में उन्होंने भी हामी भर दी."
माता-पिता भी शामिल नहीं हो सके...
वायरस के कारण लगे प्रतिबंधों के चलते कांग के माता पिता भी उनकी शादी में शामिल नहीं हो सके.
शादी 2 फरवरी को हुई और इसमें कुल 110 से 190 मेहमान मौजूद थे.
होटल के अपने कमरे से जासेफ़ और कांग ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के ज़रिए सभी मेहमानों का शुक्रिया अदा किया.
होटल के स्टाफ़ ने जोसेफ़ और कांग के कमरे में ही शैंपेन मुहैया करवाई थी जिसे उन्होंने खोला और फिर शादी की स्पीच भी दी.
जोसेफ़ ने बताया, "हम दुखी तो नहीं लेकिन ये दुर्भाग्यपूर्ण है. हमारे पास सभी मेहमानों के सामने शादी करने का कोई और रास्ता नहीं था."
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